Short Details:- हरियाणा कृषि एवं किसान कल्याण विभाग ने Haryana Meri Fasal Mera Byora Registration के तहत खरीफ सीजन 2026-27 के लिए किसानों की फसल पंजीकरण की पूरी प्रक्रिया पूरी कर ली है। राज्य सरकार ने 20 मई 2026 से पोर्टल पर पंजीकरण शुरू किया था, जिसकी अंतिम तिथि 15 जून 2026 (अनंतिम) रखी गई थी, बाद में इसे बढ़ाकर 31 जुलाई 2026 कर दिया गया। अब पोर्टल बंद हो चुका है। जिन किसानों ने पंजीकरण नहीं करवाया है, वे अपनी खरीफ फसल MSP पर नहीं बेच पाएंगे। सोनीपत जिले में अकेले 60 हजार से अधिक किसान पंजीकरण से वंचित रह गए हैं।
New Update:- हरियाणा राज्य की सभी फसलों का ऑनलाइन पंजीकरण कराने के उद्देश्य से हरियाणा सरकार ने Haryana Meri Fasal Mera Byora Registration को लांच किया है। खरीफ सीजन 2026-27 के दौरान प्रदेश में 57,56,152 एकड़ क्षेत्र का पंजीकरण हो चुका है और 10,83,972 किसानों ने अपनी खरीफ फसलों का ऑनलाइन पंजीकरण करवाया है। इस पोर्टल के माध्यम से हरियाणा का किसान अपनी फसल से जुड़ी सारी जानकारी अपलोड कर विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। अब मंडियों में फसल बेचने के लिए बायोमेट्रिक (उंगलियों के निशान/आई स्कैन) सत्यापन अनिवार्य कर दिया गया है।

Highlights Of Meri Fasal Mera Byora Haryana
| 📰 आर्टिकल का नाम | Meri Fasal Mera Byora Haryana |
| 🏢 संबंधित विभाग | कृषि एवं किसान कल्याण विभाग |
| 🌐 पोर्टल का नाम | मेरी फसल मेरा ब्यौरा |
| 👥 लाभार्थी | राज्य के किसान |
| 🎯 उद्देश्य | न्यूनतम समर्थन मूल्य पर फसलों की बिक्री के लिए रजिस्ट्रेशन की सुविधा प्रदान करना |
| 📍 राज्य | हरियाणा |
| 📝 रजिस्ट्रेशन करने की प्रक्रिया | ऑनलाइन |
| 🌐 आधिकारिक वेबसाइट | https://fasal.haryana.gov.in/ |
Meri Fasal Mera Byora Haryana Registration
हरियाणा सरकार के द्वारा मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पर फसलों को सही दाम दिलाने के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य पर फसलों की बिक्री के लिए रजिस्ट्रेशन की सुविधा शुरू कर दी गई है। इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए सभी किसान भाइयों को इस पोर्टल पर जाकर अपने मोबाइल से रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। इसके अलावा किसान अपने नजदीकी अटल सेवा केंद्र या सीएससी सेंटर जाकर भी रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं। सरकार अब राज्य केवल उन्हीं किसानों को फसल की सरकारी समर्थन मूल्य पर खरीदेंगे जिनकी मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पर पंजीकरण होगा। 2026 में हरियाणा सरकार ने फसल खरीद के लिए नए नियम लागू किए हैं, जिनमें ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ पोर्टल पर अनिवार्य पंजीकरण और आधार-आधारित बायोमेट्रिक सत्यापन शामिल है।
हरियाणा सरकार के द्वारा राज्य के सभी किसान भाइयों को इस पोर्टल के अंतर्गत राहत देने के लिए पोर्टल को लांच किया गया है। इस पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करने से हरियाणा के किसान भाइयों को अलग-अलग तरह की सारी जानकारी योजनाओं से जुड़ी जानकारी मिलती रहेगी। इसके साथ ही किसानों को योजना पर सब्सिडी प्राप्त होगी और मिलने वाली लाभ के बारे में भी पता चलेगी। इस पोर्टल रजिस्ट्रेशन कर आप फसल का नुकसान पर मुआवजा भी प्राप्त कर सकते हैं।
रजिस्ट्रेशन में संशोधन
हरियाणा सरकार के द्वारा मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पंजीकरण की प्रक्रिया में संशोधन किया गया है। इस संशोधन के अंतर्गत किसानों को परिवार पहचान पत्र या आधार संख्या से जुड़े पंजीकृत मोबाइल नंबर पर OTP प्राप्त होने के बाद ही फसल पंजीकरण होगा। यदि मोबाइल नंबर सही काम नहीं कर रहा है तो नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर सही मोबाइल नंबर दर्ज करवाएं। इसके अलावा अगर किसी किसान के पास OTP नहीं जाता है तो वह जमीन के मालिक की सहमति से फसल बेच सकेगा। अगर आप मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल रजिस्ट्रेशन करना चाहते हैं तो आप खुद भी अपने मोबाइल के माध्यम से ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। इसके अलावा आप अपने नजदीकी सीएससी सेंटर में जाकर रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं।
फसल मंडी में आने के बाद नहीं होगा पंजीकरण
कृषि एवं कल्याण विभाग ने स्पष्ट किया है कि खरीफ सीजन 2026-27 के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2026 थी। पोर्टल 15 अगस्त तक दोबारा खोलने की बात कही गई थी, लेकिन तकनीकी दिक्कतों के कारण बड़ी संख्या में किसान पंजीकरण नहीं करा सके। अब पोर्टल बंद हो चुका है और सोनीपत जिले में 60 हजार से अधिक किसान पंजीकरण से वंचित रह गए हैं। खरीफ फसलों के मंडी में आने से पहले ही पंजीकरण करवाना अनिवार्य है, फसल मंडी में आ जाने के बाद किसान पोर्टल पर पंजीकरण नहीं कर पाएंगे।
आवश्यक दस्तावेज
- आधार कार्ड/परिवार पहचान पत्र
- पंजीकृत मोबाइल नंबर
- बैंक खाता पासबुक
- भूमि दस्तावेज (जमाबंदी)
- मुरब्बा और खसरा नंबर
रजिस्ट्रेशन करने की प्रक्रिया
- सबसे पहले आपको मेरी फसल मेरा ब्यौरा हरियाणा सरकार के आधिकारिक वेबसाइट https://fasal.haryana.gov.in/ पर जाना होगा।
- इसके बाद आपके सामने इस वेबसाइट का होम पेज खुल कर आ जाएगा।
- इस वेबसाइट के होम पेज पर आपको Farmer Registration का ऑप्शन दिखाई देगा। आपको इस ऑप्शन पर Click Here का ऑप्शन दिखाई देगा, आपको इस ऑप्शन पर क्लिक करना है।
- क्लिक करने के तुरंत बाद ही आपके सामने फसल पंजीकरण के लिए ऑप्शन दिखाई देगा – परिवार पहचान संख्या और आधार संख्या।
- क्लिक करते ही आपके पंजीकृत मोबाइल पर OTP जाएगा, जिसे आपको दर्ज करके लॉगिन करें के ऑप्शन पर क्लिक करना है।
- अब आपके सामने मेरी फसल मेरा ब्यौरा पंजीकरण का आवेदन फार्म खुलकर आ जाएगा।
- इस पंजीकरण फार्म में आपको अपने जिले और गांव का चयन करना होगा जहां पर आपको जमीन है।
- आपको जमाबंदी या केवट से अपनी जमीन सर्च करनी होगी।
- इसके बाद आपको किला नंबर का चयन करना होगा।
- इसके बाद आपको फसल का चयन करना होगा जिसका पंजीकरण करना चाहते हैं।
- इसके बाद आपको उस मंडी का चयन करना होगा जहां आप आसानी से फसल बेच सकते हैं।
- अंत में आपको सबमिट के ऑप्शन पर क्लिक करना है।
- इस प्रकार से आप आसानी से मेरी फसल मेरा ब्यौरा पंजीकरण की प्रक्रिया को पूरा कर सकते हैं।
- इसके बाद आप इसका प्रिंटआउट निकाल कर रख लें, जो आपको भविष्य में काम देगा।
पराली जलाने पर कार्रवाई
हरियाणा कृषि विभाग ने पराली जलाने के मामलों में सख्त रुख अपनाते हुए 6 किसानों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। उल्लंघनकर्ताओं के भू-अभिलेखों में ‘रेड-एंट्री’ की गई है, जिससे वे अगले दो फसल सीजन तक MSP पर फसल नहीं बेच सकेंगे। साथ ही 20,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। किसानों को पराली न जलाने के लिए जागरूक किया जा रहा है ताकि पर्यावरण को होने वाले नुकसान से बचा जा सके।
उर्वरक वितरण में फसल पंजीकरण की भूमिका
हरियाणा कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि पिछले वर्ष के सफल अनुभव को देखते हुए उर्वरकों का वितरण ‘मेरी फसल-मेरा ब्यौरा’ पोर्टल के माध्यम से किया जाना चाहिए। किसानों को पोर्टल पर अपलोड की गई फसल और रकबा जानकारी के अनुसार उर्वरक प्रदान किए जाएंगे। इससे उर्वरकों का सही और पारदर्शी वितरण सुनिश्चित होगा और किसानों को उनकी फसल की जरूरत के अनुसार ही उर्वरक मिल पाएंगे।
ट्यूबवेल जल का मुफ्त वैज्ञानिक परीक्षण
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने राज्य के सभी किसानों के ट्यूबवेलों से पानी के मुफ्त वैज्ञानिक परीक्षण का निर्देश दिया है। इस अभ्यास को ‘मेरी फसल-मेरा ब्यौरा’ पोर्टल के साथ एकीकृत किया जाएगा ताकि किसानों को उनके पानी की गुणवत्ता के अनुसार उपयुक्त फसलों के बारे में सलाह दी जा सके। इससे किसानों को फसल चयन में मदद मिलेगी और पानी की बर्बादी से भी बचा जा सकेगा।
MSP दरें 2026-27
केंद्र सरकार ने खरीफ सीजन 2026-27 के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की घोषणा कर दी है। किसान भाइयों को फसलों का सही दाम मिले, इसके लिए MSP दरें निम्नलिखित हैं:
| फसल | MSP (₹ प्रति क्विंटल) |
| धान (कॉमन) | ₹2441 |
| धान (ग्रेड A) | ₹2461 |
| बाजरा | ₹2900 |
| मक्का | ₹2410 |
| कपास (मध्यम रेशा) | ₹8267 |
| मूंग | ₹8780 |
| तिल | ₹10346 |
किसान भाइयों को सलाह दी जाती है कि वे अपनी फसल का पंजीकरण समय पर करवाएं ताकि उन्हें MSP का पूरा लाभ मिल सके।
Conclusion
हरियाणा की ‘Meri Fasal Mera Byora Haryana’ योजना किसानों को एकल पोर्टल पर पंजीकरण करवाने, फसल संबंधी जानकारी देने और सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने में मदद करती है। इससे बीमा, सब्सिडी, मुआवजा आदि मिलना आसान होता है। 2026 में इस पोर्टल पर खरीफ सीजन का पंजीकरण पूरा हो चुका है और अब नए नियमों के तहत बायोमेट्रिक सत्यापन अनिवार्य कर दिया गया है। किसान भाइयों को अगले सीजन के लिए समय रहते पंजीकरण करवा लेना चाहिए।
FAQ Related Meri Fasal Mera Byora Haryana
सबसे पहले अधिकारिक वेबसाइट https://fasal.haryana.gov.in/ पर जाएं। किसान अनुभाग पर क्लिक करें। किसान पंजीकरण पर क्लिक करें। अपना मोबाइल नंबर दर्ज करें।
ऐसे वो अपनी उपज नहीं बेच पाएंगे. सरकार ने पहले से ऐसी शर्त लगा रखी है कि जब तक इस पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन नहीं होगा तब तक कोई भी किसान अपनी फसल एमएसपी पर नहीं बेच सकता
इस आर्टिकल में आपने हरियाणा की ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ योजना 2026 के बारे में सब कुछ जाना, जैसे कि खरीफ सीजन 2026-27 के पंजीकरण की पूरी प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज, नए बायोमेट्रिक सत्यापन नियम, पराली जलाने पर कार्रवाई, उर्वरक वितरण, ट्यूबवेल जल परीक्षण और 2026-27 की MSP दरों की जानकारी। अब आप आसानी से इस पोर्टल के बारे में समझ सकते हैं और अगले सीजन के लिए समय रहते पंजीकरण करवा सकते हैं।
