NREGA ,मनरेगा के मजदूरों के लिए खुशखबरी , सरकार ने भेजे 611 करोड़ों रुपए मनरेगा मजदूरों के खाते में । कोरोना वायरस लॉकडाउन का असर !

Please share this
  •  
  • 892
  •  
  • 981
  • 982
  •  
    2.9K
    Shares

NREGA ,मनरेगा के मजदूरों के लिए खुशखबरी ,सरकार ने भेजे 611 करोड़ों रुपए मनरेगा मजदूरों के खाते में । कोरोना वायरस लॉकडाउन का असर !

इस पोस्ट में क्या है ?

अगर आप एक NREGA के मजदूर हैं तो सरकार ने आपको ध्यान में रखते हुए 611 करोड़ों रुपए का फंड पास किया है । सरकार के द्वारा एक क्लिक करते हुए राज्य के मनरेगा ( NREGA ) मजदूरों के खाते में पैसे भेजे गए हैं । यह पैसा सरकार ने कोरोना लॉकडाउन के चलते मनरेगा ( NREGA ) मजदूरों को दिया है ताकि वह अपने जरूरत की चीजों को खरीद सके और इस मंदी में अपना जीवन यापन कर सके ।

NREGA

भारत लोकडाउन के चलते दिया गया है यह पैसा ।

जैसा की आप सभी को पता है कोरोनावायरस जैसी महामारी से पूरी दुनिया जुंज रही है इसी में हमारा भारत भी कोरोनावायरस से बचने के लिए पूरी तरह से लॉकडाउन हो चुका है ।

ऐसे में सरकार यह भली-भांति जानती है कि लॉकडाउन का असर सबसे ज्यादा गरीब परिवारों और मनरेगा ( NREGA ) के मजदूर , निर्माण कार्य में लगे व्यक्तियों पर रहेगा ।

जिस को ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार ने राहत पैकेज केंद्रीय स्तर पर तो लांच किया है साथ ही राज्य सरकारों ने भी अपने ओर से बहुत सारे काम किए है ।
इसी बीच उत्तर प्रदेश सरकार ने लॉक डाउन की वजह से मनरेगा ( NREGA ) के 27.5 लाख श्रमिकों के बैंक खाते में 611 करोड़ रुपए भेजे हैं ।

उत्तर प्रदेश सरकार ने दिया आधिकारिक बयान ।

उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ जी के द्वारा अपने ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट से ट्वीट करके बताया गया कि कोरोनावायरस के कारण रोजमर्रा की चीजों के लिए जूंज रहे गरीब मजदूरों को उत्तर प्रदेश सरकार के द्वारा बड़ी राहत दी जा रही है ।

सीएम ने आज मनरेगा  के तहत राज्य के 27.5 लाख श्रमिकों के बैंक खाते में सीधे 611 करोड़ रुपए भेजे हैं । साथ ही सीएम योगी ने योजना सम्मेलन के माध्यम से इन श्रमिकों से बात की और योजना की भी जानकारी दी है ।

सीएम ने लखनऊ से एक क्लिक के जरिए सभी 27.5 लाख मनरेगा ( NREGA ) मजदूरों के खाते में पैसे ट्रांसफर कर दिए हैं । साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि राज्य सरकार और केंद्र सरकार मिलकर गरीब परिवार, मजदूर ,किसान और जरूरतमंद लोगों के लिए बहुत सारी योजनाएं गरीब कल्याण योजना के तहत लॉन्च करने जा रही है ।

यहां नीचे आप योगी आदित्यनाथ जी के आधिकारिक ट्विटर अकाउंट से किए गए ट्वीट को देख सकते हैं । 👇👇

राज्य सरकार ने और क्या किया ?

राज्य सरकार के द्वारा कुछ दिनों पहले दिहाड़ी मजदूरों को 1000- 1000 रुपए दिए जाने के आदेश पहले ही जारी कर दिए गए थे । यहां तक कि सरकार ने इसकी भी जानकारी दी कि राज्य भर के दिहाड़ी मजदूरों के खाते 1000-1000 रुपए की रकम भेज दी गई है ।

राज्य सरकार ने देश भर के नागरिकों से घर में रहने की भी अपील की है साथ ही आश्वासन देते हुए उन्होंने यह भी बताया है कि जरूरतमंद लोगों को सरकार पूर्ण रूप से मदद करेगी ।

मनरेगा लिस्ट में अपना नाम देखे 

लॉकडाउन में केंद्र सरकार ने क्या किया ?

भारत को लॉकडाउन करने के साथ ही केंद्र सरकार ने गरीब कल्याण योजना के तहत 1.70 लाख करोड़ रुपए का राहत पैकेज की भी घोषणा की । जिसके तहत गरीब परिवार, मजदूर,किसान ,निर्माण श्रमिक ,विधवा ,विकलांग पेंशन धारक इत्यादि सभी का ध्यान रखा गया है ।

क्या है राहत पैकेज ?

Rahat package राहत पैकेज , किसान, गरीब परिवार, महिला को भारत बंदी में मिलेगा फ्री राशन के साथ बैंक खाते में पैसे ।

लॉकडाउन की स्थिति में सबसे ज्यादा प्रभावित होने वाला वर्ग गरीब परिवार, महिला ,किसान और निर्माण श्रमिकों का ही है इन लोगों के लिए सरकार ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत राहत पैकेज लॉन्च (Rahat package) कर दिया है जिसके तहत महिलाओं, गरीब लोगों, किसानों और निर्माण श्रमिकों को सरकार बैंक खाते में पैसे तो भेजेगी ही साथ ही इन्हें फ्री में राशन और एलपीजी सिलेंडर भी दिए जाएंगे । ( किसान सम्मान निधि )

किन को मिलेगा राहत पैकेज का लाभ ?

  1. गरीब परिवार ( जो गरीबी रेखा से नीचे गुजर-बसर कर रहे हैं और उनके पास एक राशन कार्ड है )
  2. ➡ मनरेगा ( NREGA ) के तहत रजिस्टर्ड मजदूर
  3. ➡ जनधन योजना के तहत खाताधारक
  4. ➡ प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत रजिस्टर्ड महिलाओं को फ्री एलपीजी 3 महीने तक
  5. विधवा, बुजुर्ग, विकलांग को एक ₹1000
  6. ➡ पेंशन धारकों को 3 महीने का अग्रिम पेंशन
  7. ➡ निर्माण श्रमिक
  8. ➡ किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ साथ ही प्रधानमंत्री किसान क्रेडिट कार्ड योजना का भी लाभ ।

लॉकडाउन

लॉक डाउन का असर ।

जैसा की आप सभी को पता है पूरी दुनिया और हमारा भारत देश कोरोनावायरस के कहर से जूझ रहा है और बहुत सारे ऐसे देश हैं जिनमें अभी लॉकडाउन किया गया है भारत भी उनमें से ही एक है ।

अगर कोई देश लॉकडाउन (कर्फ्यू लगाया ) किया जाता है , तो देश में केवल जरूरत की चीजें ही जैसे कि साक और सब्जी ,किराने की दुकान और मेडिकल स्टोर, अस्पताल और पुलिस स्टेशन ही खुले रहते हैं ।

ऐसे में सरकार यह भली-भांति जानती है कि वैसे व्यक्ति जो रोज काम करके 200 से ₹500 कमाते थे और अपना घर खर्च चलाते थे उनका क्या होगा ?

इसके ऊपर विचार करते हुए हमारे माननीय प्रधानमंत्री जी ने और हमारे वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण जी के द्वारा देश में राहत पैकेज की घोषणा कर दी गई है । राहत पैकेज के तहत सरकार 1.70 लाख करोड़ रुपए देश के 80 करोड़ जनसंख्या के ऊपर खर्च करेगी ।

इनमें शामिल है गरीब परिवार , मजदूर वर्ग के लोग, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना का लाभ लेने वाली, जनधन योजना के तहत खोले गए खाते, देश के सभी किसान ।

इनको सरकार के द्वारा लांच किए गए राहत पैकेज के तहत बहुत सारे लाभ दिए जाएंगे जिसमें शामिल है फ्री राशन देना खाते में पैसे पहुंचाना और एलपीजी सिलेंडर 3 महीने तक उपलब्ध कराना । लॉकडाउन

🔥🔥Rahat Package In Hindi Highlights 🔥🔥

🔥 SCHEME NAME प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना
🔥 INTRODUCE BYNarendra Modi
🔥 LAUNCHED YEAR2016
🔥 PACKAGE NAME RAHAT PACKAGE 
🔥 BUDGET1.70 LAKH CRORE
🔥 लाभार्थी गरीब परिवार, महिला ,किसान और निर्माण श्रमिक

राहत पैकेज की शुरुआत प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत की गई है ।

केंद्र सरकार ने कोरोनावायरस की वजह से देश भर में लॉक डाउन लगा रखा है ऐसे में सरकार यह भी भली-भांति जानती है कि इस लॉक डाउन से सबसे ज्यादा प्रभावित देश के चुनिंदा वर्ग ही होंगे जो हैं गरीब किसान ,गरीब महिला, सीनियर सिटीजन और ऐसे व्यक्ति जो गरीबी रेखा से नीचे अपना गुजर-बसर कर रहे हैं ।

इसको ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार के द्वारा प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत 1.70 लाख करोड़ रुपए का एक पैकेज (राहत पैकेज) की घोषणा वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के द्वारा गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में किया गया ।

कोरोनावायरस से लड़ रहे डॉक्टर और नर्सों को भी दिया जाएगा लाभ ।

सरकार ने कोरोनावायरस के संक्रमण से जंग में लगे डॉक्टरों और नर्सों के लिए भी राहत पैकेज (Rahat package) में जगह रखी है सरकार के मुताबिक इन डॉक्टरों और नर्सों को 50 लाख रुपए के इंसुरेंस देने का वादा किया गया है ।

कोरोना वायरस की जंग में अगर किसी डॉक्टर या नर्स को जान की हानि होती है तो उन्हें (परिवार को) 50 लाख रुपए का इंश्योरेंस कवरेज दिया जाएगा ।

सरकार ने राहत पैकेज में गरीबों को मुफ्त अन्न और राशन देने का भी वादा किया ।

राहत पैकेज (Rahat package) की घोषणा के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण जी के द्वारा यह भी कहा गया कि इस पैकेज के तहत गरीब को अन्न और धन दोनों दिया जाएगा ।

उन्होंने कहा कि बीपीएल के तहत आने वाले हर व्यक्ति को 5 किलो अतिरिक्त चावल या गेहूं फ्री अगले 3 महीने तक हर परिवार के हिसाब से दिया जाएगा । साथ ही उन्होंने 1 किलो अतिरिक्त दाल अगले 3 महीने तक देने का भी वादा किया है ।

5 किलो अतिरिक्त चावल या गेहूं का फायदा देश के करीब 80 करोड़ जनसंख्या को दिया जाएगा ।

मनरेगा के मजदूरों को भी मिलेगा लाभ ।

सरकार के द्वारा इस मुश्किल घड़ी ( लॉकडाउन )में मनरेगा ( NREGA ) के मजदूरों को भी ध्यान में रखा गया है और कहा गया है कि जिन मनरेगा ( NREGA ) के मजदूरों का पेमेंट कब तक रुका हुआ है उनका पेमेंट सरकार जल्द से जल्द करेगी ।

साथ ही मनरेगा मजदूर को सरकार राशन भी सस्ते और किसी किसी राज्य में फ्री में उपलब्ध कराएगी ।

इसी प्रकार से मनरेगा ( NREGA ) के तहत मिलने वाले मजदूरी को ₹82 से बढ़ाकर ₹202 कर दिया गया है ,इस हिसाब से देखा जाए तो देश के 5 करोड़ परिवारों को इसका फायदा मिलेगा और प्रति मनरेगा ( NREGA ) वर्कर ₹2000 की अतिरिक्त आमदनी होगी ।

किसानों को भी मिलेगा लाभ

इस मुश्किल की घड़ी को देखते हुए किसानों को भी सरकार ने भूला नहीं है प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत जिन किसानों की किस्त की रकम रुकी हुई है उनका पैसा जल्द से जल्द सरकार उनके खाते में भेज देगी । किसान सम्मान निधि

वित्त मंत्री ने कहा कि अप्रैल के पहले सप्ताह में ही किसान सम्मान निधि के तहत किसानों को ₹2000 की पहली किस्त मिल जाएगी 8.69 करोड़ किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का यह पैसा मिल जाएगा ।

जिन किसानों को सुधार या किसी प्रकार की समस्या है तो वह इसके संबंधित समाधान ऑनलाइन भी प्राप्त कर सकते हैं ।

जी हां सरकार यह नहीं चाहती है कि इस मुश्किल के घड़ी में कोई भी ऐसा किसान छूट जाए जो पैसे का हकदार है ।

सरकार के द्वारा कृषि विभाग कल्याण स्तर पर कुछ हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए गए हैं जिस पर किसान बैंक अकाउंट पासबुक का फोटो और आधार कार्ड का फोटो भेज अपने पीएम किसान में सुधार को करवा सकता है ।

और जब किसान का बैंक अकाउंट डिटेल सुधर जाए तो वह पीएम किसान के तहत मिलने वाला किस्त भी आसानी से प्राप्त कर सकता है ।

पीएम किसान फोन नंबर और सुधार की जानकारी यहां क्लिक कर प्राप्त करें । ↗

राहत पैकेज के तहत गरीब महिलाओं को फ्री में सिलेंडर भी दिए जाएंगे । (Rahat package)

जी हां वित्त मंत्री ने प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के लाभार्थी महिलाओं को आने वाले 3 महीने तक फ्री में सिलेंडर देने का वादा किया है ।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि राहत पैकेज (Rahat package) जो कि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत शुरू की गई है इसके अंतर्गत प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थी महिलाओं को सरकार 3 महीने तक फ्री एलपीजी गैस सिलेंडर देगी ।

प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लिए कैसे रजिस्ट्रेशन करना है और प्रधानमंत्री उज्ज्वला लिस्ट कैसे देखनी है इसकी जानकारी आप यहां पर क्लिक कर प्राप्त कर सकते हैं । ↗

मनरेगा मजदूर , मनरेगा मजदूर , मनरेगा मजदूर , मनरेगा मजदूर , मनरेगा मजदूर , मनरेगा मजदूर , मनरेगा मजदूर ,  लॉकडाउन , लॉकडाउन 

जनधन खाते में अगले 3 महीने तक आएंगे पैसे ।

सरकार यह भी जानती है कि लोगों को अनाज और जरूरत की चीज देना एक अच्छी बात है लेकिन उनके पास कुछ पैसे भी होनी चाहिए इस समस्या को दूर करने के लिए सरकार ने जनधन खाता धारकों को एक लाभ दिया है ।

प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत अगले 3 महीने तक जनधन खाताधारकों के खाते में सरकार ₹500 प्रति माह की रकम भेजेगी । इस हिसाब से देखा जाए तो जनधन खाता धारकों को 1500 रुपए आने वाले 3 महीने में दिए जाएंगे ।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यह भी बताया कि पीएम गरीब कल्याण योजना के तहत महिला सेल्फ हेल्प ग्रुप के तहत सात करोड़ परिवारों को फायदा दिया जाएगा । दीनदयाल राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका योजना के तहत इन्हें जमानत फ्री लोन दोगुना बढ़ाकर 20 लाख रुपए दिया जाएगा ।

निर्माण मजदूरों को भी मिलेगा फायदा ।

पीएम गरीब कल्याण योजना के तहत सरकार निर्माण वर्कर्स को भी फायदा देगी ।

निर्माण वर्कर्स के लिए उनके वेलफेयर फंड में 31 हजार करोड़ रुपए है और ऐसे 3.5 करोड़ निर्माण वर्कर्स मौजूद हैं ,केंद्र सरकार नया प्रावधान किया है कि इस फंड का इस्तेमाल राज्य सरकारें किसी आपदा की स्थिति में मदद के लिए कर सकती है ।

और अभी देश में कोरोनावायरस का कहर किसी आपदा से कम नहीं है इसलिए केंद्र सरकार ने राज्य सरकारों से यह अनुरोध किया है कि वह इस धनराशि का इस्तेमाल निर्माण वर्कर्स को फायदा पहुंचाने के लिए करें ।

अगर राज्य सरकार इस अनुरोध को मानती है तो निर्माण वर्कर्स को भी बहुत अच्छा फायदा मिल पाएगा ।

संगठित क्षेत्र के कर्मचारियों को भी मिलेगा राहत पैकेज का लाभ ।

प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत जारी किए गए राहत पैकेज (Rahat package) में सरकार संगठित क्षेत्र के कर्मचारियों के लिए प्रोविडेंट फंड के 24 फ़ीसदी योगदान का भुगतान अगले 3 महीने तक खुद करेगी । यह भुगतान सरकार के द्वारा उन प्रतिष्ठानों के लिए किया जाएगा जिनमें 100 तक ही कर्मचारी हो और जिनके 90 फ़ीसदी कर्मचारी 15000 से कम वेतन वाले हो ।

इस हिसाब से संगठित क्षेत्र के कर्मचारियों की संख्या लगभग 80 लाख है और ऐसे लगभग 4 लाख प्रतिष्ठान पूरे देश भर में मौजूद हैं ।

इसके अलावा भी सरकार ने पीएफ स्कीम रेगुलेशन में बदलाव कर नन रिफंडेबल एडवांस निकालने की सुविधा 75 फ़ीसदी जमा रकम या 3 महीने के वेतन के बराबर जो कम हो की सुविधा देगी ।

राज्य सरकार कर सकती है मिनिरल फंड का इस्तेमाल ।

केंद्र सरकार से मिली जानकारी से यह भी पता चला है कि राज्य सरकार इस आपदा की घड़ी में मिनरल फंड का इस्तेमाल कर सकती है ।

मिनरल फंड का इस्तेमाल राज्य सरकार मेडिकल स्क्रीनिंग टेस्ट इन गतिविधि कोरोना वायरस के बारे में जागरूकता एवं अन्य कारणों में इस्तेमाल कर सकते हैं ।

राज्य सरकार भी करेगी मदद ।

यह जो आपदा की घड़ी है इसकी जिम्मेदारी केवल केंद्र सरकार की नहीं है राज्य सरकार भी अपने स्तर पर बहुत सारी योजना ला रही है और अपने राज्य के निवासियों को लाभान्वित कर रही है ।

ऐसे में बिहार सरकार के द्वारा राशन कार्ड धारकों को 1000-1000 रुपए के साथ मुफ्त अनाज देने का निर्णय लिया गया है ।

सरकार जरूरतमंदों को मुफ्त अनाज देगी और राशन कार्ड धारकों को ₹2 किलो गेहूं और ₹3 किलो चावल भी उपलब्ध कराएगी ।


राजस्थान सरकार ने भी की कुछ ऐसी ही घोषणा ।

बता दे कि राजस्थान सरकार के द्वारा भी एक घोषणा करते हुए बताया गया कि राज्य भर में राशन कार्ड धारकों को सरकार 1000-1000 रुपए देगी साथ ही सरकार के द्वारा इन व्यक्ति को फ्री में राशन भी 3 महीने तक उपलब्ध कराए जाएंगे ।

नोट :- ध्यान रखें इस लॉक डाउन की स्थिति में आप सरकार का समर्थन करें और भारत बंदी का पालन करें अपने घर में ही रहे । आपका घर से निकाला हुआ एक कदम आपके घर में कोरोनावायरस को ला सकता है और आपके परिवार आपके समाज को संक्रमित कर सकता है ।

👇👇 NREGA के मजदूरों के खाते में पहुंचे रुपए से संबंधित वीडियो आप नीचे देख सकते हैं।

नोट :- आज के इस आर्टिकल में आपने मनरेगा ( NREGA ) के मजदूरों के खाते में पैसे भेजे गए हैं इससे संबंधित जानकारी प्राप्त की । अगर आप लॉकडाउन या सरकार के द्वारा जारी किए गए पैकेज की जानकारी पाते रहना चाहते हैं तो हमारी वेबसाइट को फॉलो जरूर करें ।

ध्यान दें :- ऐसे ही केंद्र सरकार और राज्य सरकार के द्वारा शुरू की गई नई या पुरानी सरकारी योजनाओं की जानकारी हम सबसे पहले अपने इस वेबसाइट sarkariyojnaa.com के माध्यम से देते हैं तो आप हमारे वेबसाइट को फॉलो करना ना भूलें ।

अगर आपको यह आर्टिकल पसंद आया है तो इसे Like और share जरूर करें ।

इस आर्टिकल को अंत तक पढ़ने के लिए धन्यवाद…

Posted by Amar Gupta

🔥🔥 Join Our Group For All Information And Update, Also Follow me For Latest Information🔥🔥

🔥 Facebook PageClick Here
🔥 InstagramClick Here
🔥 Telegram Channel TechguptaClick Here
🔥 Telegram Channel Sarkari YojanaClick Here
🔥 TwitterClick Here
🔥 Website Click Here

FAQ MANREGA JOB CARD 2020

✔️ मनरेगा जॉब कार्ड क्या है ?

MNREGA job card महात्मा गांधी राष्ट्रीय रोजगार गारंटी अधिनियम(MNREGA) के अंतर्गत दी जाने वाली 1 कार्ड है जिसके बदौलत मनरेगा के लाभार्थियों की पहचान की जाती है ।
MNREGA job card के बदौलत ही मनरेगा योजना के तहत लाभार्थियों की पहचान कर उन्हें रोजगार दिए जाते हैं ।
मनरेगा योजना का लाभ लेने के लिए या फिर मनरेगा योजना के तहत काम को पाने के लिए MNREGA job card होना अति आवश्यक है ।

✔️ नरेगा का नाम कब बदलकर मनरेगा कर दिया गया ?

1 अप्रैल 2007 को 130 जिलों में पहले नरेगा का नाम बदलकर मनरेगा कर दिया गया उसके बाद 285 जिलों में 1 अप्रैल 2008 को इसका नाम बदला गया ।
वैसे National Rural Employment Guarantee (Amendment ) Act के नाम को केंद्रीय स्तर पर 2009 में NREGA से बदलकर MANREGA ,Mahatma Gandhi National Ruler Employment Guarantee Act कर दिया गया ।

✔️ मनरेगा का मतलब क्या है ?

National rural employment guarantee Act 2005 और नरेगा नंबर 42 के ही नाम को Mahatma Gandhi National Rural Employment Guarantee MANREGA कर दिया गया । इसके तहत व्यक्ति को कार्य करने का अधिकार दिया गया है । अधिक जानकारी आप इस पोस्ट के ऊपर में पढ़ सकते हैं ।

✔️ किन को मिलेगा राहत पैकेज का लाभ ?

1➡ गरीब परिवार ( जो गरीबी रेखा से नीचे गुजर-बसर कर रहे हैं और उनके पास एक राशन कार्ड है )
2➡ मनरेगा के तहत रजिस्टर्ड मजदूर
3➡ जनधन योजना के तहत खाताधारक
4➡ प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत रजिस्टर्ड महिलाओं को फ्री एलपीजी 3 महीने तक
5➡ विधवा, बुजुर्ग, विकलांग को एक ₹1000
6➡ पेंशन धारकों को 3 महीने का अग्रिम पेंशन
7➡ निर्माण श्रमिक
8➡ किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ साथ ही प्रधानमंत्री किसान क्रेडिट कार्ड योजना का भी लाभ ।

✔️ राहत पैकेज की शुरुआत किस योजना के तहत की गई ?

राहत पैकेज की शुरुआत प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत की गई

✔️ सरकार ने भारत बंदी में राहत पैकेज में क्या क्या देने का वादा किया ?

सरकार के द्वारा मुफ्त अनाज ,राशन ,बैंक खाते में पैसे , एलपीजी सिलिंडर देने का निर्णय लिया गया है |

✔️ भारत कब तक बंद रहेगा ?

सरकार के द्वारा जारी निर्देशों के अनुशार भारत में यह लॉकडाउन 14 अप्रैल 2020 तक रहेगी |


Please share this
  •  
  • 892
  •  
  • 981
  • 982
  •  
    2.9K
    Shares
  •  
    3K
    Shares
  •  
  • 546
  • 897
  •  
  • 546
  • 982
  •  
Previous Article
Next Article

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

🔥🔥 Join Our Group For All Information And Update, Also Follow me For Latest Information🔥🔥
🔥 Facebook Page  Click Here
🔥 Instagram  Click Here
🔥 Telegram Channel Techgupta  Click Here
🔥 Telegram Channel Sarkari Yojana  Click Here
🔥 Twitter  Click Here
🔥 Website   Click Here

जरुरी सूचना

दोस्तों, हमारी वेबसाइट (sarkariyojnaa.com)सरकार द्वारा चलाई जाने वाली वेबसाइट नहीं है,ना ही किसी सरकारी मंत्रालय से इसका कुछ लेना देना है | यह ब्लॉग किसी व्यक्ति विशेष द्वारा, जो सरकारी योजनाओं में रुचि रखता है और औरों को भी बताना चाहता है, द्वारा चलाया गया है | हमारी पूरी कोशिश रहती की एकदम सटीक जानकारी अपने पाठकों तक पहुंचे जाए लेकिन लाख कोशिशों के बावजूद भी गलती की सम्भावना को नकारा नहीं जा सकता| इस ब्लॉग के हर आर्टिकल में योजना की आधिकारिक वेबसाइट की जानकारी दी जाती है| हमारा सुझाव है कि हमारा लेख पढ़ने के साथ साथ आप आधिकारिक वेबसाइट से भी जरूर जानकारी लीजिये | अगर किसी लेख में कोई त्रुटि लगती है तो आपसे आग्रह है कि हमें जरूर बताएं |

हम अपने ब्लॉग के माध्यम से रजिस्ट्रेशन नहीं करवाते ना ही कभी भी पैसे कि मांग करते हैं | हमारा उद्देश्य है केवल आप तक सही जानकारी पहुँचाना !